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सच्चिन्तनीयमनुमृग्यमभीष्टदोहं
ब्रह्मादि देवों द्वारा अन्वेषण किये जाने वाले अथवा विविध साधना दारा अन्वेषण करने योग्य, अभिमत फल को देने वाले संसार के समस्त तापों के शमन अर्थात नाश क...
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प्रातर्भजामि शयनोत्थितयुग्मरूपं
शयन से उठे हुए ऐसे श्रीराधा-माधव युगल स्वरूप का मैं प्रातःकाल भजन करता हूँ जिनकी पारस्परिक रस लीलाएँ एवं केलि विहार के चिह्न आदि सखियों के अवलोकन का ...