ब्रज रसिक
जीवन चरित
श्री ब्रज रसिक वाणी संग्रह
रा अक्षर में बसी राधिका धा में धामेश्वर हरि
'रा' अक्षर में बसी राधिका, ‘धा’ में धामेश्वर हरि। - ब्रज रसिक एक ब्रज रसिक ने कहा है कि राधा नाम युगल नाम है जिसके “रा” अक्षर में राधा बसी हैं और धा ...
राधारानी के भक्त श्री कृष्ण द्वारा अत्यधिक माननीय हैं
राधारानी के भक्त श्री कृष्ण द्वारा अत्यधिक माननीय हैं और श्री कृष्ण उनकी संगति चाहते हैं। ब्रज का एक मोर, जो राधारानी का अनन्य भक्त था, जिसके कारण श्र...
वृषभानु कुँवरि जब देखौं
श्री कृष्ण कहते हैं - जब भी मैं श्री वृषभानु नंदिनी श्री राधा का दर्शन करता हूँ, तब मैं अपने जीवन को पूर्ण और सार्थक मानता हूँ। मैं निरंतर “राधा-राधा”...
कोटि बार काशी
कोटि बार काशी, केदारनाथ रामेश्वर, गया-जगन्नाथ, चाहे जहाँ जाओगे, होंगे प्रत्यक्ष जहाँ दर्शन श्याम श्यामा के, वृन्दावन सा कहीं आनन्द नहीं पाओगे। – ब्रज ...
राधा कृपा कटाक्ष बिन
“ राधा कृपा कटाक्ष बिन, मिलै न गोकुलचन्द । । ” - ब्रज रसिक श्री राधारानी की कृपा दृष्टि के बिना, कोई वृंदावन बिहारी श्री कृष्ण को प्राप्त नहीं कर सक...
टूक मिलें ब्रजवासिन के
"टूक मिलें ब्रजवासिन के, और सेवें सदा जमुना रसरानी । हमें औरन की परवाह नहीं, अपनी ठकुरानी श्री राधिका रानी । ।" - ब्रज रसिक ब्रज रसिक कहते है,कि ह...
सब द्वारन को छाड़ के मैं आयी तेरे द्वार
हे वृषभानु-नन्दिनी लाड़ली श्रीराधा! मैं संसार के समस्त आश्रयों और द्वारों का परित्याग कर, अनन्य भाव से केवल आपके पावन द्वार पर उपस्थित हुई हूँ। हे स्...
रस रूप मयी रस की सरिता
श्रीराधा रस का मूर्त स्वरूप हैं, रस की सरिता हैं, और सदा सुख की मूल स्रोत हैं। [1] वे पृथ्वी में अमृत बरसाने वाली ब्रज की शोभा हैं, वृषभानु की पुत्र...
वृषभानु कुँवरि जब देखौं
श्री कृष्ण कहते हैं - जब भी मैं श्री वृषभानु नंदिनी श्री राधा का दर्शन करता हूँ, तब मैं अपने जीवन को पूर्ण और सार्थक मानता हूँ। मैं निरंतर “राधा-राधा”...