सभी संत
ह
रसिक संत जीवनी
श्री हित रामराय
जीवन चरित
ब्रज परंपरा के वैष्णव संत।
श्री श्री हित रामराय वाणी संग्रह
general
माई री श्याम श्याम रटत श्यामाँ आपहि श्याम भई
अरी सखी, श्याम श्याम रटते रटते श्यामा जू [श्री राधा] स्वयं श्याम बन गयी एवं सखियों से पूछने लगी की श्यामा [राधा] कहाँ हैं? [1] फिर श्र्री राधे वन में ...
general
और कोऊ समझे सो समझे हमकूँ इतनी समझ भली
और जिसे जो समझना हो वो समझे मुझे तो केवल इतनी ही समझ भली है कि मेरी ठाकुर नंदनंदन हैं और ठकुरानी श्री राधा महारानी हैं। [1] श्री कृष्ण के मित्र श्रीद...