हे श्री राधा, आप ही मखेश्वरी, क्रियेश्वरी एवं स्वधेश्वरी हैं तथा आप ही समस्त देवी-देवताओं समेत वेदों की आधार हैं। [1] आप ही तीनों लोकों की शासक हैं...