काले वर्ण वाले कन्हैया, नन्द के दुलारे, मेरी आँखों के तारे हैं। मेरे प्राण-प्यारे मनमोहन, जगत को प्रकाश देने वाले हैं एवं मेरे मित्र हैं। [1] वे नित्...