‘रा' शब्द के उच्चारण से भक्त को (अत्यन्त दुर्लभा) भक्ति की प्राप्ति होती है जिससे सांसारिक बंधन से स्वतः ही मुक्ति की प्राप्ति भी हो जाती है तथा 'धा'...