श्री राधारानी के चरणों की भक्ति का रस तो केवल रस से परिपूर्ण श्री वृन्दावन में ही है। यह राधा-रस अत्यंत निर्मल (धवल) और पवित्र है; इसमें तनिक भी संशय...