श्रीनरहरिदासजी श्रीयुगल सरकार की उस अनुपम और मधुर छवि का दर्शन कर स्वयं को उन पर न्योछावर (बलिहारी) करते हुए कहते हैं कि यदि मेरे ये नयन निरंतर और अख...