ग्रन्थ के पद एवं श्लोक
35 itemsजय जय विपन विहारनि रानी
वृन्दावन विहारिणी श्री राधा की जय हो, जिनकी करुणा दृष्टि से क्षण भर में ही कर्म बंधन एवं भ्रम रुपी अंधकार नष्ट हो जाता है। [1] हे श्री राधा, आपकी अलो...
नित्य विहारनि लाडली, नित्यविहारी लाल
श्री लाड़ली जी (राधा) नित्य विहार करने वाली हैं और श्री लाल जी (कृष्ण) भी नित्यविहारी हैं। इन दोनों युगल की केली-क्रीड़ा अत्यंत मधुर रस से भरी हुई है, ...
श्यामा प्यारी जय जय श्रीराधा
श्यामा प्यारी श्री राधा की जय हो जो करुणा की सागर हैं, समस्त गुणों का भण्डार हैं, एवं जिनका रूप अत्यंत सुंदर एवं अगाध है। [1] श्री राधा श्री श्यामसुन...
मेरी सरबस जीवन प्यारी
मेरी जीवन सर्वस्व श्री राधा प्यारी हैं, जिनके दर्शन में एक पलक के अंतराल से ही श्री कृष्ण अति विह्वल हो जाते हैं। [1] श्री राधा के चरण कमलों की शरण उ...
सहचरि पलक विसारि के निरषै श्यामा श्याम
सहचरी अपनी अपलक दृष्टि से श्री श्यामा-श्याम को निहारती हैं और उनके प्रत्येक दिव्य अंग से रस-माधुरी का आनंद लेती हैं। इस प्रकार वे अपने नयन को विश्राम ...
चाल हंस गति निरख कै सखी नयन हर्षाय
श्री प्रिया-प्रियतम की हंस-गति की मधुर चाल को देखकर सखी के नयन हर्षित हो जाते हैं और वे दोनों को अपने नयनों में उसी प्रकार बसा लेती है, जिस प्रकार चको...
कृपा करैं श्री हरि प्रिया
जब श्री हरिप्रिया श्री राधा कृपा करती हैं, तब वे अपने चरणों का अनुराग-रस प्रदान करती हैं। उसी कृपा से जीव को नित्य-विहार रूपी परम सार का भी सार रस सुल...
श्यामा प्यारी लाड़िली जानत सब कौ भाव
हे श्यामा प्यारी (श्री राधा)! आप समस्त जनों के ह्रदय के भावों को जानती हैं। मेरा तो आपके अतिरिक्त अन्य कोई आश्रय नहीं है। आपकी अहैतुकी कृपा के बिना कल...
सर्वोपर यह दिव्य वपु, श्री वृंदावन धाम
यह दिव्य वपु धारण किए श्री वृंदावन धाम सर्वोपरि है जो श्री श्यामा श्याम का नित्य विहार स्थल एवं रसिक जनों का विश्राम स्थल है।
एक बार जो लेय, राधा आधा नाम को
श्री राधा नाम की ऐसी अद्भुत महिमा है कि यदि कोई एक बार भी प्रेमपूर्वक श्री राधा का आधा नाम अर्थात् “रा” का ही उच्चारण करता है, तो श्यामसुंदर इतने प्रस...
शास्त्र शिरोमणि श्याम को
वेदों एवं शास्त्रों में श्री कृष्ण को ही परम तत्व बताया गया है, वही श्री कृष्ण अपने श्री मुख से कहते हैं कि मैं श्री राधा का दास हूँ।
अपनी ओर निहारि के कृपा दृष्टि जो होय
हे परम करुणामयी प्यारी जू (श्री राधा)! यदि आप अपनी कृपामयी दृष्टि मेरी ओर डाल देंगीं तो मेरी अनंत जन्मों की बिगड़ी बन जाएगी। इसके अतिरिक्त मेरे पास अन...
नित्य कुञ्ज बृन्दा विपन
श्री धाम वृंदावन की कुंजों में, नित्य ही दोनों प्रिया-प्रियतम (श्री राधा कृष्ण) परम आह्लाद पूर्वक, समस्त रसों के सार रस, नित्य विहार रस का वर्षन करते ...
राधा प्यारी स्वामिनी निज सहचरि सुखदाय
हे प्यारी श्री राधा स्वामिनी जू! आप तो सदा अपनी निज सहचरियों को सुख प्रदान करने वाली हो, अली माधुरी आपके चरणों की शरण में पड़ी, आपसे कृपा की याचना कर ...
जो अपने औगुन कहौं पाऊँ ओर न छोर
हे श्यामा जू (श्री राधा)! यदि मैं अपने दोषों को गिनाना आरंभ करूँ, तो उनकी कोई गिनती ही नहीं है, वे तो अनंत हैं। किन्तु आप तो मेरे अंतरतम हृदय की हर बा...
करुणा सागर लाड़िली
हे करुणा की सागर, श्री लाड़िलीजी (श्री राधा), कृपा करके मुझे अपनाइए, क्योंकि मुझमें न तो कोई बल है, न बुद्धि, और न ही कोई अन्य उपाय (साधन) काम आ रहा ह...
साधन धर्म न भटकना
जीव चाहे जितने भी धर्म-कर्म, व्रत, तप या साधन क्यों न कर ले, उसकी भटकन समाप्त नहीं होती, और न ही वह अंततः लक्ष्य को प्राप्त कर सकता है। केवल श्री राध...
करै कृपा जब लाड़िली, मिटै हिये भ्रम जाल
जब लाड़िली जी (श्री राधा) कृपा करती हैं तब हृदय के समस्त भ्रम-जाल स्वतः ही मिट जाते हैं। वे अपने श्रीचरणों की सेवा प्रदान कर जीव को सहज ही प्रेम-रस मे...
श्याम रूप श्रीराधिका
श्री राधा श्री कृष्ण का स्वरूप हैं और श्री कृष्ण साक्षात् श्री राधा का ही स्वरूप हैं। दर्शन (लीला) मात्र के लिए ये दो प्रतीत होते हैं, परंतु वास्तव मे...
प्यारे प्रेम भूमि श्री वृंदावन
अरे प्यारे, वृंदावन की भूमि प्रेम से ओतप्रोत है। यहाँ के जड़ और चेतन सभी प्रेमी जन ही हैं जो श्यामा श्याम के भाव रस में भरे हुए हैं। यहाँ न तो कोई साध...
अली मधुरी की सुनौ, करुणा श्यामा जोय
हे परम करुणामयी स्वामिनी श्री राधा, मेरी विनती को कृपा सुनो! तुम्हारे चरण कमलों को देखे बिना मुझे पल भर को भी चैन नहीं है।
भुजा परस्पर अंश दे
एक-दूसरे के कंधों पर परस्पर अपनी भुजाएँ रखे हुए, श्री राधा कृष्ण मंद-मंद मुस्कुरा रहे हैं। रसात्मक भावों से परिपूर्ण श्री प्रिया-प्रियतम के अंग-अंग से...
जो अपने औगुन कहौं, पाऊँ ओर न छोर
हे श्यामा जू (श्री राधा)! यदि मैं अपने दोषों को गिनाना आरंभ करूँ, तो उनकी कोई गिनती ही नहीं है, वे तो अनंत हैं। किंतु आप तो मेरे अंतरतम हृदय की हर बात...
मान बडाई ईर्षा हरष शोक दुखदाय
हे चतुराई की शिरोमणि, लाडिली श्रीराधे! अभिमान, प्रशंसा, ईर्ष्या और सांसारिक हर्ष-शोक आदि केवल दुखदायी हैं। कृपा कर मुझे इन सब दोषों से बचाकर, अपने चरण...
Maan Badaai Irsha
Maan Badaai Irsha, Harsh Shok Dukh-Day.Chatur Shiromani Laadili, In So Leu Bachaay.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli Madhuri, Shri Radha Karunav...
Karai Kripa Jab Ladili Mitai Hiye Bhram Jal
Karai Kripa Jab Ladili, Mitai Hiye Bhram Jal.Charan Kamal Ki Det Hai, Seva Sahaj Rasal.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli Madhuri, Shri Radha Ras...
Shri Vipin Raj Maharaj Pranat Palan
Shri Vipin Raj Maharaj Pranat Palan Yah Naam Tiharau Hai.Jaan Ajaan Sharan Ko Jaise Balak Maatu Dulaarau Hai.Manvaan Chhit Phaladeya Sabhan Ko Kotik S...
Saadhan Dharm Na Bhatakna
Saadhan Dharm Na Bhatakna, Ant Na Paave Koy.Shyama Ju Ki Kripa Saun, Jo Kachhu Hoy So Hoy.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli Madhuri, Shri Radha ...
Ab Man Yugal Charan Mein Atakyo
Ab Man Yugal Charan Mein Atakyo.Janm Anek Bhaye Ya Jag Mein, Dharm Karm Mein Bhatakyo. [1]Kripa Kari Shri Nitya Kishori, Vipin Raaj Mein Thatakyo.Rasi...
Jo Apne Augun Kahon, Paaoon Or Na Chhor
Jo Apne Augun Kahon, Paaoon Or Na Chhor,Antar Ki Janao Sabai, Syama Kaho Nihor.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli Madhuri, Shri Radha Karunavali ...
Shyam Roop Shri Radhika
Shyam Roop Shri Radhika, Radha Shyam Swaroop.Darshan Ko Ye Doy Hain, Ekai Roop Anoop.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli MadhuriŚrī Rādhā is the v...
Viharini Sarvopari Shiritaaj
Viharini Sarvopari Shiritaja. [1] Rahat Bihari Ajnyakari, Sahachari Sang Samaj. Kunj Nikunjana Rasamaya Punjana, Sahaja Bhari Sukhasaja. [2]Vana Rajad...
Bhuja Paraspar Ansh De
Bhuja Paraspar Ansh De, Mand Mand Muskay. Pyari Pitam Ras Bhare, Ang-Ang Ras Chhay.- Shri Ali Madhuri Ji, Shri Nikunj Keli MadhuriWith their arms gent...
Rakhi Dridh Bharoso Toko Poshaegi Jai ShriRadha
(Raag Dhanashri)Rakhi Dridh Bharoso Toko, Poshaegi Jai ShriRadha. (Tek). [1]Shyamvihari Agyakari, Tan-Man Ki Sab Maite Badha. Sundar Shyama, Shyam Man...
Rasikjan Ki Main Balihari
(Pad Rekhta)Rasikjan Ki Main Balihari, Piya Pyari Jin Ur Dhari.Vrindavan Dham Mein Dolen, Amani Mande Bolen. [1]Sabhi Se Prem Hitkari, Trigun Se Riti ...